
रंजिश, रिश्ते और एक खौफनाक वारदात… एक परिवार की खुशियां छीन लेने वाले हत्याकांड में आखिरकार न्याय की मुहर लग गई। करीब तीन साल बाद अदालत ने ऐसा फैसला सुनाया, जिसने न सिर्फ पीड़ित परिवार को राहत दी, बल्कि अपराधियों के लिए कड़ा संदेश भी दे दिया।
नदिया (पश्चिम बंगाल)। नदिया जिले के हंसखली थाना अंतर्गत सूर्यपुर में वर्ष 2022 में हुए यादव मंडल हत्याकांड में अदालत ने सख्त फैसला सुनाया है। रानाघाट के एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट ने मुख्य आरोपी परेश मंडल को दोषी करार देते हुए आजीवन कठोर कारावास (RI for Life) की सजा सुनाई। हंसखली थाना कांड संख्या 516/22 (दिनांक 31/05/2022) के अनुसार, सूर्यपुर निवासी यादव मंडल की हत्या पुरानी रंजिश और कथित प्रेम प्रसंग के विवाद में की गई थी। आरोप है कि परेश मंडल का मृतक की बेटी से संबंध था, जिसे लेकर विवाद बढ़ा और प्रतिशोध में हत्या कर साक्ष्य मिटाने की कोशिश की गई।
मामले की जांच एसआई बप्पादित्य मंडल ने की और तय समय सीमा के भीतर पुख्ता चार्जशीट अदालत में दाखिल की। अभियोजन पक्ष की ओर से एपीपी तापस कुंडू ने प्रभावी पैरवी की। रानाघाट पुलिस डिस्ट्रिक्ट की ट्रायल मॉनिटरिंग सेल ने भी मामले की लगातार निगरानी की, जिससे गवाहों और साक्ष्यों को मजबूती से प्रस्तुत किया जा सका। अदालत ने आरोपी को भारतीय दंड संहिता की धारा 302 (हत्या) और 201 (साक्ष्य मिटाने) के तहत दोषी पाया।
सजा का विवरण:
धारा 302 IPC: आजीवन कारावास और ₹10,000 जुर्माना (अदा न करने पर एक माह का साधारण कारावास)।
धारा 201 IPC: तीन वर्ष का अतिरिक्त कारावास और ₹5,000 जुर्माना (अदा न करने पर एक माह का साधारण कारावास)।
फैसले के बाद मृतक के परिजनों ने संतोष जताया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह निर्णय समाज में स्पष्ट संदेश देता है कि जघन्य अपराध करने वालों को कानून सख्ती से दंडित करता है।






















Total Users : 813578
Total views : 2517057