प्रतापपुर (चतरा)। प्रतापपुर प्रखंड मुख्यालय में पिछले 15 दिनों से भटक रही 12 वर्षीय अज्ञात किशोरी के मामले में समाचार प्रसारण के बाद त्वरित कार्रवाई करते हुए 1098 चाइल्ड हेल्पलाइन एवं प्रतापपुर पुलिस ने संयुक्त रूप से बच्ची को सुरक्षित रेस्क्यू कर चतरा स्थित बालिका आश्रय गृह पहुंचाया। बताया गया कि किशोरी प्रखंड कार्यालय, पंचायत सचिवालय एवं कस्तूरबा आवासीय विद्यालय के आसपास दयनीय स्थिति में भटक रही थी, लेकिन लंबे समय तक किसी जिम्मेदार द्वारा पहल नहीं की गई। जबकि संकटग्रस्त बच्चों के संरक्षण के लिए मिशन वात्सल्य के तहत जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा विभिन्न योजनाएं संचालित की जाती हैं। इस घटना ने संबंधित व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। समाचार प्रसारित होने के बाद चाइल्ड हेल्पलाइन टीम के राहुल कुमार यादव एवं सुपरवाइजर रितेश कुमार मौके पर पहुंचे और बच्ची को अपने संरक्षण में लिया। बच्ची के पास पर्याप्त कपड़ों का अभाव था, जिसे देखते हुए टीम द्वारा नए कपड़ों की व्यवस्था की गई और महिला पुलिस कर्मी की मदद से बच्ची को पहनाया गया। इस पूरी कार्रवाई को किशोर न्याय (बालकों की देखरेख एवं संरक्षण) अधिनियम (श्रश्र ।बज) एवं संबंधित नियमों के अनुरूप अंजाम दिया गया। अधिनियम के तहत किसी भी असहाय, लावारिस या संकटग्रस्त बच्चे को तत्काल रेस्क्यू कर सुरक्षित आश्रय प्रदान करना तथा उसे बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत करना अनिवार्य होता है। रेस्क्यू अभियान में चाइल्ड हेल्पलाइन, प्रतापपुर पुलिस एवं महिला पुलिस की तत्परता और संवेदनशीलता स्पष्ट रूप से सामने आई। समन्वित प्रयास के तहत बच्ची को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराते हुए बालिका आश्रय गृह पहुंचाया गया, जहां उसकी देखरेख की जाएगी। इस मामले को प्रमुखता से उठाने में पत्रकार सतीश पांडेय की सक्रिय भूमिका रही, वहीं व्यवसाय संघ अध्यक्ष गौतम कुमार द्वारा समय पर दी गई सूचना भी कार्रवाई में निर्णायक साबित हुई।
बेड़ियों में जकड़ी मासूम 15 दिन तक भटकती रही, अब जाकर पहुंची संरक्षण में





















Total Users : 917892
Total views : 2662423