2 हफ्ते से भी कम समय में चौथी बार बढ़े दाम। मुंबई में पेट्रोल 111.21 रुपये तो कोलकाता में डीजल 99.82 रुपये प्रति लीटर पहुंचा; मालभाड़ा बढ़ने से रोजमर्रा की वस्तुओं और ट्रांसपोर्टेशन पर टूटेगा महंगाई का नया बम
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आ रहे उतार-चढ़ाव के बीच भारतीय तेल विपणन कंपनियों ने आज सोमवार को आम उपभोक्ताओं को महंगाई का एक और सबसे तगड़ा और कड़क करंट दिया है। पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों में आज सोमवार को एक बार फिर भारी उछाल दर्ज किया गया है। आज सुबह से पेट्रोल की कीमतों में 2.61 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमतों में 2.71 रुपये प्रति लीटर की रिकॉर्ड बढ़ोतरी लागू कर दी गई है।
इस ताजा और कड़क बढ़ोतरी के बाद देश की राजधानी दिल्ली में पेट्रोल की नई कीमत 102.12 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत 95.20 रुपये प्रति लीटर के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई है।
10 दिनों के भीतर चौथी बार लगी आग; शनिवार को भी बढ़े थे दाम
मध्यमवर्गीय परिवारों और ट्रांसपोर्टरों की कमर तोड़ने वाली यह बढ़ोतरी दो हफ्ते से भी कम समय के भीतर चौथी बार की गई है। तेल कंपनियों की मनमानी का आलम यह है कि पिछले महज 10 दिनों के भीतर पेट्रोल-डीजल के दाम चार बार बढ़ाए जा चुके हैं। इससे पूर्व, बीते शनिवार को भी तेल कंपनियों ने कीमतों में 87 पैसे से लेकर 91 पैसे प्रति लीटर तक की भारी वृद्धि की थी, जिसके बाद आज सोमवार को एक बार फिर आम जनता की जेब पर सीधा विधिक डाका डाला गया है।
देश के प्रमुख महानगरों और शहरों में पेट्रोल की नई दरें (रुपये/प्रति लीटर):
सोमवार सुबह 6 बजे से देश के बड़े शहरों में पेट्रोल की नई कीमतें निम्नलिखित रूप से प्रभावी हो चुकी हैं:
| शहर का नाम (City) | पेट्रोल की नई कीमत (New Petrol Rate) |
| कोलकाता | 113.51 रुपये |
| पटना | 113.50 रुपये |
| जयपुर | 113.40 रुपये |
| मुंबई | 111.21 रुपये |
| बेंगलुरु | 110.60 रुपये |
| भुवनेश्वर | 108.80 रुपये |
| दिल्ली | 102.12 रुपये |
| नोएडा / लखनऊ | 101.90 रुपये |
डीजल की मार से ट्रांसपोर्टर बेहाल; कोलकाता में 100 के करीब पहुंचा दाम
पेट्रोल के साथ-साथ मालवाहक वाहनों (ट्रकों और लॉरियों) में ईंधन के रूप में इस्तेमाल होने वाले डीजल की कीमतों ने भी बाजार का तापमान बढ़ा दिया है। इस बढ़ोतरी के बाद डीजल की कीमत कोलकाता में 99.82 रुपये प्रति लीटर और देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में 97.83 रुपये प्रति लीटर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है। डीजल के इस कड़क रेट के कारण ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन ने मालभाड़े में तत्काल वृद्धि करने के संकेत दिए हैं।
रोजमर्रा की वस्तुओं पर दिखेगा सीधा असर; उपभोक्ताओं पर बढ़ा भारी बोझ
लगातार चार बार हुई इस मूल्य वृद्धि के कारण आम उपभोक्ताओं पर चौतरफा महंगाई का बोझ बढ़ता जा रहा है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, पेट्रोल-डीजल की लगातार बढ़ती कीमतें सीधे तौर पर लॉजिस्टिक्स, कृषि लागत और ट्रांसपोर्टेशन को प्रभावित कर रही हैं। इसके कारण आने वाले दिनों में मंडियों में आने वाली हरी सब्जियां, फल, दूध, राशन और रोजमर्रा के इस्तेमाल की अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में भी भारी तेजी देखने को मिलेगी, जिससे आम आदमी का पूरा मासिक बजट पूरी तरह से ध्वस्त होना तय है।






















Total Users : 985408
Total views : 2752954