WhatsApp Group Join Now
गुमला – चार साल का शासनकाल नगर परिषद प्रशासक और प्रशासन के हाथों में नगर का विकास और फिर नगर निकाय चुनाव 2026 में हुआ चुनाव के बाद गुमला शहर के कुल 22 वार्डों में विकास कार्य कराए जाने के लिए जनप्रतिनिधि चुने गए साथ ही अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष भी निर्वाचित हुए लेकिन बोर्ड का गठन होते ही गुमला नगर परिषद गुमला में प्रशासक और जनप्रतिनिधि के बीच सामंजस्य स्थापित नही होने से आरोप प्रत्यारोप का दौर शुरू हुआ और अब यह धीरे-धीरे इतना आगे बढ़ गया है कि आम जनता त्राहि-त्राहि कर रहे हैं नगर परिषद अध्यक्ष एवं सदस्यों सहित उपाध्यक्ष अपने अधिकार में स्थानीय विधायक भूषण तिर्की एवं प्रशासन द्वारा शिकायत पर जांच कमेटी गठित होने पर तत्काल विकास कार्य में रोक लगा दी गई है परिणामस्वरूप अनेकों योजनाएं जो प्रारंभ हुई थी और और जहां-तहां गड्ढे किए गए हैं नालियों के लिए अन्य कार्यों के लिए थम चुका है और यह कब शुरू होगा इसे कोई नहीं जानता है। यहां बताते चलें कि अपने-अपने पावर को लेकर कोई भी अपना दायित्व नहीं निभा पा रहे हैं वही बेबस जनता अपनी परेशानियों को लेकर बस मुंह ताक रही है। यहां बताते चलें कि मौजूदा हालात को लेकर नगर परिषद अध्यक्ष शकुंतला उरांव एवं उपाध्यक्ष रमेश कुमार चीनी के नेतृत्व में शुक्रवार को नगर परिषद कार्यालय मैं तालाबंदी कर अपना गुस्सा जग जाहिर कर दिए हैं।

















Total Users : 1174517
Total views : 3005083