गोड्डा सांसद की एम्बुलेंस की खबर छापने के 72 घंटे के भीतर हुई कार्रवाई, आवास पर 7 घंटे तक चली जांच; चमन कुमार ने कहा— “दबाव से नहीं रुकेगी जनहित की पत्रकारिता”
न्यूज स्केल लाइव ब्यूरो
देवघर। झारखंड के देवघर जिले से मीडिया की स्वतंत्रता और प्रशासनिक कार्रवाई से जुड़ा एक बेहद सनसनीखेज और हाई-प्रोफाइल मामला सामने आया है। स्थानीय पत्रकार चमन कुमार ने अपने निजी आवास पर आयकर विभाग (Income Tax Department) द्वारा की गई छापेमारी को लेकर एक विस्तृत और तीखा आधिकारिक बयान जारी किया है।
पत्रकार चमन कुमार ने इस पूरी कार्रवाई को लोकतंत्र के चौथे स्तंभ (प्रेस) पर सीधा हमला और सच की आवाज को दबाने का एक सोची-समझी साजिश करार दिया है। उन्होंने सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि गोड्डा सांसद द्वारा जनहित में उपलब्ध कराई गई एम्बुलेंस के महज कुछ ही दिनों में खराब होने और बीच सड़क पर धुआं छोड़ने संबंधी खोजी खबर प्रकाशित करने के ठीक तीन दिन बाद यह कार्रवाई की गई है, जो प्रशासनिक मंशा पर कई गंभीर विधिक और नैतिक सवाल खड़े करती है।
7 घंटे तक खंगाले गए विधिक दस्तावेज, जांच में कोई आपत्तिजनक सामग्री नहीं मिलने का दावा
पत्रकार चमन कुमार ने प्रेस को जानकारी देते हुए बताया कि आयकर विभाग की एक विशेष टीम ने उनके आवास पर पहुंचकर करीब सात घंटे तक सघन तलाशी और विधिक दस्तावेजों की जांच की। इस लंबी कार्रवाई के दौरान उन्होंने और उनके पूरे परिवार ने जांच अधिकारियों को विधिक रूप से पूरा सहयोग दिया तथा उनके द्वारा मांगे गए सभी वित्तीय और निजी दस्तावेज ऑन-स्पॉट उपलब्ध कराए।
चमन कुमार ने बड़ा दावा करते हुए कहा कि सात घंटे की गहन तफ्तीश के बावजूद विभाग की टीम को उनके आवास या बैंक खातों से जुड़ी कोई भी आपत्तिजनक, बेनामी संपत्ति या अवैध वित्तीय सामग्री बरामद नहीं हुई। उन्होंने कहा कि जांच का खाली हाथ समाप्त होना ही उनकी पूर्ण पारदर्शिता, ईमानदारी और साफ-सुथरी पत्रकारिता का सबसे बड़ा प्रमाण है।
“एम्बुलेंस जैसी जीवनरक्षक सेवा पर सवाल उठाना पत्रकार का दायित्व, संपत्ति की भी हो जांच”
अपने बयान में पत्रकार चमन कुमार ने दोटूक शब्दों में कहा कि जनप्रतिनिधियों द्वारा जनता के पैसे (सांसद निधि) से उपलब्ध कराई गई सार्वजनिक और जीवनरक्षक सुविधाओं की गुणवत्ता व जमीनी हकीकत पर सवाल उठाना हर सच्चे पत्रकार का मौलिक व नैतिक दायित्व है। उन्होंने कहा कि:
“एम्बुलेंस जैसी अति-आवश्यक और जीवनरक्षक सेवा यदि उद्घाटन के कुछ ही दिनों के भीतर तकनीकी रूप से खराब हो जाती है और धुआं छोड़ने लगती है, तो उसकी प्रशासनिक और राजनीतिक जवाबदेही तय होनी ही चाहिए। डराने, धमकाने या केंद्रीय एजेंसियों का दबाव बनाने की किसी भी दुर्भावनापूर्ण कोशिश से जनहित की निष्पक्ष पत्रकारिता कभी नहीं रुकेगी।”
चमन कुमार ने देश के कानून के समान अनुपालन की पुरजोर मांग करते हुए कहा कि यदि जांच एजेंसियां महज एक खबर के आधार पर आम नागरिकों और ग्राउंड रिपोर्टिंग करने वाले पत्रकारों के घरों तक इतनी त्वरित गति से पहुंच सकती हैं, तो फिर उन जनप्रतिनिधियों की अकूत संपत्ति और उनके द्वारा कराए गए विकास कार्यों की भी इसी तरह निष्पक्ष और खुली जांच होनी चाहिए, ताकि भारतीय लोकतांत्रिक व्यवस्था में आम जनता का विश्वास अडिग बना रहे।
पत्रकार चमन कुमार आईटी रेड मामला: एक नजर में
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│ मुख्य प्रभावित व्यक्ति │ चमन कुमार (स्थानीय पत्रकार, देवघर निवासी) │
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│ छापेमारी करने वाली एजेंसी │ आयकर विभाग (Income Tax Department) │
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│ जांच की कुल समयावधि │ लगभग 07 घंटे (सघन भौतिक व वित्तीय दस्तावेज जांच)│
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│ कार्रवाई का मुख्य ट्रिगर │ गोड्डा सांसद की खराब एम्बुलेंस की खबर का प्रकाशन│
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│ पत्रकार का मुख्य आरोप │ प्रेस की स्वतंत्रता पर हमला व मुख्य मुद्दे से भटकाना│
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│ वर्तमान आधिकारिक स्थिति │ कोई आपत्तिजनक सामग्री नहीं मिली, बयान जारी │
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मुद्दे से ध्यान भटकाने का प्रयास, प्रेस क्लब और बुद्धिजीवियों में उबाल
पत्रकार ने स्पष्ट रूप से आरोप लगाया कि खबर के प्रकाशन के महज 72 घंटे के भीतर आयकर विभाग का सक्रिय होना कोई सामान्य संयोग या रूटीन प्रक्रिया नहीं लगती। बल्कि, यह सीधे तौर पर एम्बुलेंस खरीद में हुई संभावित गड़बड़ी और जनता से जुड़े मुख्य मुद्दे से ध्यान भटकाने की एक प्रशासनिक कोशिश प्रतीत होती है। उन्होंने इसे प्रेस की स्वतंत्रता पर कुठाराघात बताते हुए संकल्प लिया कि लोकतंत्र में पत्रकारों का दायित्व जनहित के मुद्दों को बेबाकी से सामने लाना है और यह जिम्मेदारी वे बिना डरे आगे भी निरंतर निभाते रहेंगे।
इधर, खबर के प्रकाशन के बाद देवघर सहित पूरे संथाल परगना के पत्रकार संगठनों, प्रेस क्लब के पदाधिकारियों और प्रबुद्ध बुद्धिजीवियों में इस प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर गहरा आक्रोश है। विभिन्न संगठनों ने बैठक कर इस कार्रवाई की निंदा की है और प्रेस की स्वतंत्रता की रक्षा के लिए चरणबद्ध आंदोलन की चेतावनी दी है।























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