अज्ञात साइबर ठगों द्वारा फर्जी प्रोफाइल बनाकर अधिकारियों और आम लोगों को भेजे जा रहे हैं संदेश; जिला प्रशासन ने कहा- संदिग्ध नंबरों पर न दें व्यक्तिगत या वित्तीय जानकारी, साइबर थाने में मामला दर्ज
चतरा | न्यूज स्केल लाइव
चतरा जिला प्रशासन और आम नागरिकों की सुरक्षा से जुड़ी एक बेहद ही संवेदनशील और बड़ी खबर सामने आ रही है। चतरा जिला प्रशासन के संज्ञान में यह गंभीर मामला आया है कि कुछ अज्ञात साइबर अपराधियों और शातिर ठगों द्वारा चतरा के उपायुक्त (DC) रवि आनंद के नाम एवं उनकी आधिकारिक फोटो (DP) का खुलेआम दुरुपयोग किया जा रहा है। अपराधियों ने उपायुक्त के नाम का इस्तेमाल कर एक फर्जी व्हाट्सएप (WhatsApp) अकाउंट बनाया है और उसके माध्यम से जिले के विभिन्न अधिकारियों, कर्मियों और आम लोगों को संदिग्ध संदेश (मेसेज) भेजे जा रहे हैं।
“फर्जी अकाउंट से जिला प्रशासन का कोई संबंध नहीं, यह पूरी तरह भ्रामक गतिविधि”
मामले की गंभीरता को देखते हुए चतरा जिला प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से एक आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति और अलर्ट जारी कर स्थिति को स्पष्ट किया है। जिला प्रशासन ने दोटूक शब्दों में साफ किया है कि उपायुक्त रवि आनंद के नाम और तस्वीर वाले ऐसे किसी भी अनधिकृत व्हाट्सएप नंबर अथवा उससे भेजे जा रहे संदेशों का उपायुक्त, चतरा या जिला प्रशासन से दूर-दूर तक कोई संबंध नहीं है। यह पूरी तरह से फर्जी, अवैध और भ्रामक गतिविधि है, जिसे ठगी या प्रशासनिक व्यवस्था को प्रभावित करने की नीयत से अंजाम दिया जा रहा है।
इसे भी पढ़ें: गुवा में बड़ी सनसनी; स्कूल से लौटने के बाद एक साथ 3 बच्चे लापता, चाम्पिया का 5 दिनों से सुराग नहीं
संदिग्ध संदेशों का न दें जवाब, वित्तीय व व्यक्तिगत जानकारी रखने को कहा सुरक्षित
जिला प्रशासन ने चतरा जिले के सभी वरीय पदाधिकारियों, प्रखंड व अंचल स्तर के कर्मियों, पुलिस अधिकारियों तथा विशेष रूप से आम नागरिकों से पुरजोर अपील की है:
सतर्कता बरतें: उपायुक्त के नाम या फोटो वाले किसी भी नए या संदिग्ध नंबर से आने वाले कॉल, संदेश अथवा सोशल मीडिया संचार (Social Media Communication) का बिल्कुल भी जवाब न दें।
गोपनीयता रखें: ऐसे किसी भी संदिग्ध संदेश के बहकावे में आकर अपनी कोई भी व्यक्तिगत जानकारी (Personal Data) या बैंक खाते से जुड़ी वित्तीय जानकारी (Financial Information) किसी भी परिस्थिति में साझा न करें।
मामले को गंभीरता से लेकर साइबर थाने को सौंपी गई जांच
इस दुस्साहसिक मामले को जिला प्रशासन द्वारा अत्यंत गंभीरता से लिया गया है। अपराधियों को चिन्हित कर सलाखों के पीछे भेजने के लिए आवश्यक कानूनी और तकनीकी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। प्रशासन ने आम जनता से बेहद मार्मिक अपील की है कि यदि उनके पास भी उपायुक्त के नाम या फोटो वाले किसी अज्ञात नंबर से कोई भी संदेश या कॉल आता है, तो उसकी सूचना तत्काल स्थानीय प्रशासन, नजदीकी थाने अथवा चतरा साइबर क्राइम थाना (Cyber Police Station) को दें, ताकि न केवल आपके साथ होने वाले किसी बड़े आर्थिक फ्रॉड को रोका जा सके, बल्कि इस डिजिटल सिंडिकेट को भी ध्वस्त किया जा सके।























Total Users : 975201
Total views : 2739578