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मुख्यमंत्री ने चुनावी जनसभा को किया संबोधित, कहा झारखंड में गिद्ध की तरह मंडरा रहे भाजपा के दर्जनों मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री, सभी झारखंडी तीर चला कर गिद्धों को गिराने का करें काम…

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टंडवा(चतरा)। राज्य के मुख्यमंत्री सह झारखंड मुक्ति मोर्चा के कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सोरेन मंगलवार को सिमरिया विधानसभा क्षेत्र के टंडवा प्रखंड मुख्यालय में आयोजित चुनावी जनसभा में पहुंचे। मुख्यमंत्री ने टंडवा के पशु मेला मैदान में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए सिमरिया विधानसभा क्षेत्र से महागठबंधन के झामुमो प्रत्याशी मनोज कुमार चंद्रा के पक्ष में राज्य व क्षेत्र के विकास के लिए वोट देने की आपील की। साथ ही मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार के 5 सालों की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि राज्य सरकार किसानों के ऋण माफी से लेकर घर के बिजली बिल माफी और महिलाओं और बेटियों के सम्मान के लिए कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि एक तरफ राज्य सरकार झारखंड के गरीब गुरबा और आदिवासी दलित के लिए लड़ाई लड़ रही है तो वहीं दूसरी ओर विपक्ष की भाजपा तरह-तरह के षड्यंत्र रचकर मुझे और मेरी सरकार को अस्थिर करने के लिए जांच एजेंसियों को आगे लाकर जेल भेजने का काम करती रही।

उन्होंने कहा कि इतने में इनका मन नहीं भरा तो भाजपा के लोग परिवार की लड़ाई करवा रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपाई रोटी बेटी और माटी की बात करते हैं, लेकिन वही भाजपाइयों के गुजरात में एक बेटी के साथ 25 दरिंदो ने एक साथ सामूहिक बलात्कार किया, लोगों को लगा कि सुप्रीम कोर्ट उन आरोपियों को सजा देगी, लेकिन चुनाव आते ही वही बलात्कारी चुनाव प्रचार में मिले। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा के लोग नहीं चाहते कि राज्य के आदिवासी और दलित परिवारों को उनका सम्मान और अधिकार मिले, इसलिए भाजपा के एक दर्जन मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री झारखंड में गिद्ध की तरह मंडरा रहे हैं। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि गिद्ध की तरह मंडरा रहे भाजपा नेताओं को चुनाव में तीर चला कर गिराने का काम करें। उन्होंने जनसमूह को बताया कि महागठबंधन की दुबारा सरकार बनती है तो हर महिलाओं को एक-एक लाख रुपए दी जाएगी। जिसकी शुरुआत दिसंबर महीने से हो जाएगी। कहा कि झारखंड में विस्थापन बड़ी समस्या है हमने विस्थापन आयोग बना दी है। सरकार बनते ही उसे लागू की जाएगी। रैयतों को हक़ अधिकार मिलेगा और कंपनियों में गुजरात, बंगाल, महाराष्ट्र और दक्षिण भारत के व्यपारियों को भगाया जाएगा और स्थानीयों को जोड़ा जाएगा।

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